जिन्न जीन्नात भूत को जिस्म से निकालने का तरीका

    जिन्नात भुत प्रेत के बारे में सब जानते है लेकिन जब किसी को भुत प्रेत जिन्नात पकड़ ले ऐसे में जिन्नात भुत को भगाने की दुआ से लेकर उपाय करना चाहिए तो आगे जाने जिन्न जीन्नात भूत को जिस्म से निकालने का तरीका

    जिन्नात को भगाने की दुआ इन हिंदी

    एक बड़े आलिम ए दिन इब्ने ताइमीया रह. के मुतबिक मजलूम भाई की मदद करना एक ईमान वाले भाई की मदद करना एक ईमान वाले का फर्ज है ! Asebzadah ( जिसे जिन्न के असरात हो ऐसा इंसान भी मजलूम है लेकिन अल्लाह के हुकुम के मतबीक इंसाफ के साथ मदद करना होगा ! अगर जिन्न समझाने के बाद भी ना माने तो उसे डाटडपट करना गाली गलौज करना धमकी देना और लात मलामत करना जायज है ! जैसा की प्यारे नवी ने उस शैतान के साथ किया जो आपके चेहरे मुबारक पर मारने के लिए आग का शोला ले कर आया था

    jinnat ko jism se nikalne ka tarika

    आप s.a.w.s. ने फरमाया था :-  मैं तुझसे अल्लाह की पनाह चाहता हूँ ! मैं तुझ पर अल्लाह की लानत भेजता हूँ ! इस तरह आपने तीन दफा फरमाया !
    किसी आसेबजदह शक्स के इलाज यानी जिन्न को भगाने के लिए कुछ लोग उसे खुश कर के उसकी माँगे पूरी करके या किसी चीज़ की कुर्बानी देकर या किसी बकरा बकरी की बलि देकर जिन्न को भगाते है लेकिन रुहानी इल्म मे यह अमल नही अपनाया जाता बल्की जिस शक्स को असरात हो गये हो उसके जिस्म से जिन्न जीन्नात निकालने के लिए सबसे पहले उस जिन्न को समझया जाता है और और जब वह नही मानता है तो जिसे असरात हो उसे मारा जाता है और यह अमल आमिल लोग करते है जिससे यह मार जिन्न को लगती है ! इस तरह उस जिन्न खूब मारा पिता जाता है लेकिन यह बात अच्छी तरह समझ लिजिए की जरूरी नही की हर बीमारी का इलाज इसी तरह किया जाए और हर बीमारी को जिन्न भुत से जोड़ कर देखा जाए बल्की सबसे पहले डॉक्टर को दिखाया जाए और अगर कोई बीमारी हो तो इलाज किया जाए